Posts

Showing posts with the label अजी भोजन पर तो आते

आडवाणी जी अजी भोजन पर तो आते

अजी भोजन पर तो आते आज एक आर्टिकल पढ़ा था बड़प्पन के बारे में उसने भी कुछ सोचने पर मजबूर कर दिया कि हां वाक्ई कहीं ऐसा तो नही कि मैं भी इसी बड़प्पन का शिकार हो रही हूं . खैर चलिए छोड़ते हैं बड़ी बड़ी बातों को छोटी छोटी आम बातें करते हैं जिन्हे बेवजह बड़ा बनाने की जुगत बिठाता रहता हैं मीडिया। एक नेता ने बयान दिया, बयान क्या दिया ,मानो मुसिबत मोल ले ली, मीडिया बयान को इतनी बार दिखाएगी कि एक बार दिया हुआ बयान ब्रह्मवाणी की तरह बार बार गूंजता हुआ सुनाई देगा। कई बार तो अपने मतलब के बयान को नेता के मुंह से बुलवाने के लिए , इस तरह की ऐडिटिंग की जाती हैं कि नेता वो ही एक बात बार बार दोहराते नज़र आते हैं मानों नेता ना हो , कोई चाबी वाला गुड्डा या गुड़ियां हो , जो चाबी खत्म होने तक वहीं दोहराते रहेंगे। और अनगिनत बार तो बतंगड़ उस बात का बनाया जाता हैं जो नेता बोलते नही बल्कि बोलने की तमन्ना रखते हैं , नेता बेचारे तो बात गले में घोटं लेते हैं लेकिन मीडिया हैं कि उंगली हल्क में डाल देती है, ऐसे में नेता ठहरे मंझे हुए खिलाड़ी कुछ नही उगलते , पर मीडिया अपना करिशमा दिखाने के लिए नेता के कुछ ना बोलने क...